:
Breaking News

बिहार के शहरी विकास को मिलेगी नई रफ्तार, HUDCO के साथ 1 लाख करोड़ का समझौता; 12 आधुनिक सैटेलाइट टाउनशिप बनेंगी

top-news
https://maannews.acnoo.com/public/frontend/img/header-adds/adds.jpg

बिहार सरकार और HUDCO के बीच 1 लाख करोड़ रुपये के दीर्घकालिक वित्तपोषण को लेकर बड़ा समझौता हुआ है। राज्य में 12 ग्रीनफील्ड सैटेलाइट टाउनशिप विकसित की जाएंगी, जिससे निवेश, रोजगार और आधुनिक शहरी सुविधाओं को बढ़ावा मिलेगा।

पटना/आलम की खबर:बिहार सरकार ने राज्य के शहरी विकास को नई दिशा देने की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम उठाया है। शुक्रवार को मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की मौजूदगी में नगर विकास एवं आवास विभाग तथा हाउसिंग एंड अर्बन डेवलपमेंट कॉरपोरेशन लिमिटेड (HUDCO) के बीच 1 लाख करोड़ रुपये के दीर्घकालिक वित्तपोषण को लेकर महत्वपूर्ण समझौता (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए गए। इस महत्वाकांक्षी परियोजना के तहत बिहार में 12 आधुनिक ग्रीनफील्ड सैटेलाइट टाउनशिप विकसित की जाएंगी, जिन्हें विश्वस्तरीय शहरी सुविधाओं से लैस किया जाएगा।

लोक सेवक आवास स्थित संकल्प सभागार में आयोजित समारोह में नगर विकास एवं आवास विभाग के प्रधान सचिव विनय कुमार तथा HUDCO के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक संजय कुलश्रेष्ठ ने मुख्यमंत्री की उपस्थिति में समझौता पत्र का आदान-प्रदान किया। इस अवसर पर राज्य सरकार ने इसे बिहार के शहरी विकास की दिशा में एक बड़ा मील का पत्थर बताया।

मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि आने वाले वर्षों में बिहार में तेज शहरीकरण को ध्यान में रखते हुए योजनाबद्ध तरीके से नए शहर विकसित किए जाएंगे। इन टाउनशिप में आधुनिक सड़कें, चौड़ी गलियां, निर्बाध बिजली आपूर्ति, स्वच्छ पेयजल, सीवरेज नेटवर्क, हरित क्षेत्र, आधुनिक अस्पताल, गुणवत्तापूर्ण शिक्षण संस्थान, व्यावसायिक केंद्र और अन्य सभी नागरिक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। सरकार का लक्ष्य इन टाउनशिप को भविष्य की जरूरतों के अनुरूप स्मार्ट और टिकाऊ शहरों के रूप में विकसित करना है।

मुख्यमंत्री ने बताया कि लगभग तीन लाख एकड़ से अधिक भूमि पर इन सैटेलाइट टाउनशिप का विकास प्रस्तावित है। किसानों के हितों को ध्यान में रखते हुए परियोजना में लैंड पुलिंग मॉडल अपनाया जाएगा। उन्होंने कहा कि जो किसान मुआवजा लेने का विकल्प चुनेंगे, उन्हें आवेदन के 30 दिनों के भीतर भुगतान सुनिश्चित किया जाएगा।

सरकार के अनुसार HUDCO के माध्यम से 1 लाख करोड़ रुपये का वित्तपोषण उपलब्ध कराया जाएगा। इसके अतिरिक्त निजी और संस्थागत निवेश के जरिए लगभग 6 लाख करोड़ रुपये के अतिरिक्त निवेश को आकर्षित करने का लक्ष्य रखा गया है। यदि यह योजना तय समय पर आगे बढ़ती है तो बिहार में आधारभूत संरचना के क्षेत्र में बड़े पैमाने पर निर्माण कार्य होंगे और लाखों लोगों के लिए प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रोजगार के अवसर पैदा होंगे।

राज्य सरकार का कहना है कि यह परियोजना केवल नए शहर बसाने तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि औद्योगिक निवेश, व्यापार, सेवा क्षेत्र और आवासीय विकास को भी नई गति देगी। इससे आर्थिक गतिविधियां बढ़ेंगी और बिहार के विभिन्न क्षेत्रों में संतुलित शहरी विकास को बढ़ावा मिलेगा।

मुख्यमंत्री ने कहा कि बिहार सरकार योजनाबद्ध और समावेशी शहरीकरण के लक्ष्य पर लगातार काम कर रही है। HUDCO के साथ हुआ यह समझौता राज्य को आधुनिक शहरी विकास के क्षेत्र में नई पहचान दिलाने के साथ-साथ शहरीकरण के 35 प्रतिशत लक्ष्य को हासिल करने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।

उन्होंने HUDCO का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि संस्था ने बिहार के विकास में हमेशा सकारात्मक सहयोग दिया है और भविष्य में भी यह साझेदारी राज्य के विकास को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाएगी। मुख्यमंत्री ने नगर विकास एवं आवास विभाग तथा HUDCO की पूरी टीम को इस महत्वपूर्ण पहल के लिए बधाई भी दी।

कार्यक्रम के दौरान उपमुख्यमंत्री बिजेंद्र प्रसाद यादव, नगर विकास एवं आवास सह सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री नीतीश मिश्रा, मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव दीपक कुमार, नगर विकास एवं आवास विभाग के वरिष्ठ अधिकारी तथा HUDCO के कई उच्चाधिकारी मौजूद रहे।

विशेषज्ञों का मानना है कि यदि यह परियोजना निर्धारित समयसीमा के अनुसार आगे बढ़ती है तो बिहार में आवास, आधारभूत संरचना, निवेश और रोजगार के क्षेत्र में व्यापक बदलाव देखने को मिल सकते हैं। साथ ही नए सैटेलाइट शहर राज्य की बढ़ती आबादी और भविष्य की शहरी आवश्यकताओं को पूरा करने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।

नई टाउनशिप में क्या मिलेगा?

• आधुनिक सड़क नेटवर्क

• 24×7 बिजली और पेयजल

• सीवरेज और ड्रेनेज सिस्टम

• अस्पताल और स्कूल

• हरित क्षेत्र और पार्क

• व्यावसायिक एवं आवासीय परिसर

• स्मार्ट शहरी सुविधाएं

HUDCO के साथ हुआ यह समझौता बिहार के लिए एक महत्वाकांक्षी शहरी विकास योजना है। हालांकि इसकी वास्तविक सफलता परियोजनाओं के समयबद्ध क्रियान्वयन, पारदर्शिता, किसानों के हितों की सुरक्षा और निवेश आकर्षित करने की क्षमता पर निर्भर करेगी। यदि सरकार अपने घोषित लक्ष्यों को समय पर पूरा करती है तो यह परियोजना बिहार के विकास मॉडल में बड़ा बदलाव ला सकती है।

https://maannews.acnoo.com/public/frontend/img/header-adds/adds.jpg

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *